लोकसभा में अपने पहले भाषण में सुनील जाखड ने केंद्र सरकार के किसान विरोधी चेहरे का पर्दाफाश किया

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By Admin
 -कहा, धान की पराली के धूंए पर सियासत करने वालों तक नहीं पहुंच रहा आत्म हत्या करने वाले किसानों की चिताओं का धूंआ
– किसान आज मर रहे हैं, प्रधान मंत्री 2022 के सपने दिखा रहे है
 -पंजाब की पिछली अकाली-भाजपा सरकार द्वारा अनाज घोटाले के बदले लिए 31000 करोड़ रुपये के कर्ज को माफ करने की की अपील
  एनडीए सरकार राष्ट्र के सामाजिक ढांचे को कमजोर कर रही है
 – बटाला के उद्योग को बचाने की सदन में रखी मांग
चंडीगढ़, 8 फरवरी ()
अपनी बेबाक व धडल्लेदार भाषण शैली के लिए जाने जाते पंजाब कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष व गुरदासपुर से सांसद सुनील जाखड़ ने आज लोक सभा में अपने पहले ही भाषण में मोदी सरकार पर तीखा प्रहार करते हुए कहा के केंद्र सरकार किसान किसान का राग अलाप रही है जबकि देश का किसान इस सरकार से प्रश्न कर रहा है कि इस बजट में वह वास्तव में है कहां।
 जाखड़ ने कहा कि केंद्रीय वित्त मंत्री ने किसानों को उनकी लागत का 1.5 गुना भाव देने की बात की है और सत्ता पक्ष लगातार इसे केंद्र सरकार की बढी उपलब्धी बता रहा है पर देश का किसान पूछ रहा है कि मंत्री किस डेढ गुणा की बात कर रहे है, उसके लागत व परिवार के लेबर के खर्च के 1.5 गुना की या उसके समुचित खर्च की डेढ गुना की। उन्होंने कहा के देश का किसान भोला हो सकता है, अनपढ हो सकता है पर देश का किसान मूर्ख नहीं है। उन्होंने वित्त मंत्री को कहा के वे किसान को कल्म से न मारे।
जाखड़ ने कहा कि पिछले कुछ दिनों के दौरान, दिल्ली में पंजाब हरियाना के धान की पराली के कारण हुए धूंए पर खूब राजनीति हो रही थी। लेकिन उन्होंने सवाल किया कि क्या देश में आत्म हत्या करने वाले किसानों की चिताओं की आग का धूंआ दिल्ली तक नहीं पहुंच पाता। उन्होंने कहा कि पिछले 3 वर्षों में लगभग 36,000 किसानों देश में आत्महत्या कर ली है और मोदी सरकार की गलत आर्थिक नीतियों के कारण किसान के सर चढे ऋ ण के कारण हर 45 मिनट बाद देश में एक किसान आत्महत्या करने के लिए मजबूर हो रहा है।
 उन्होंने कहा कि देश के किसान वर्तमान में मर रहे हैं और प्रधान मंत्री 2022 की बात कर करके उन्हें उन अच्छे दिनों के भविष्य दिखा रहे है जो अच्छे दिन कभी आने वाले नहीं है। उन्होंने अकाली दल के सांसदों पर भी कटाक्ष करते हुए कहा कि किसानों के नाम पर राजनीति करने वाली इस पार्टी के सांसद पता नहीं किस मजबूरी में इस किसान विरोधी बजट पर तालिया पीट रहे है।
 जाखड़ ने पाकिस्तान पर मोदी सरकार की कमजोर नीति की निंदा करते हुए कहा कि सीमा व नियंत्रण रेखा पर हमारे सशस्त्र बलों के जवान निरंतर शहीद हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार पाकिस्तान को प्रेम पत्र लिखे और चाहे 56 इंच की छाती दिखाए पर पाकिस्तान को गोलाबारी से सख्ती से रोका जाए। श्री जाखड़ भी पुरानी सब्सिडी को बंद करने के केंद्र सरकार के फैसले का विरोध करते हुए कहा के उनके निर्वाचन क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले बटाला के उद्योग को बचाया जाए। उन्होंने और कहा कि मोदी सरकार को चाहिए कि पहले से चल रहे उद्योगों को बंद होने से बचाया जाए।
इसी तरह  जाखड़ ने कहा कि पंजाब की पिछली अकाली भाजपा सरकार द्वारा प्रदेश में वोटों की गिनती से सिर्फ एक दिन पहले अनाज के खाते में रकम और अनाज की कमी के हुए घुटाले के 31000 करोड़ रूपये को केन्द्र सरकार से लम्बे समय के कर्ज में तबदील करके प्रदेश के भविष्य को दाव पर लगा दिया है। उन्होंनें वित्त मंत्री से यह 31000 करोड़ का कर्ज माफ करने की मांग रखी।
 जाखड़ ने देश में व्यापार करने को आसान और जीने को आसान करने के केन्द्र सरकार के ब्यानों पर भी सख्त शब्दों में हमला करते हुए कहा कि आज देश का सामाजिक माहौल गंधा किया जा रहा है और देश में एस.सी. और अल्पसंख्यकों पर अत्याचार हो रहे है। ऐसे माहौल में कौन यहां निवेश के लिए आगे आयेगा। उन्होंनें मोदी सरकार द्वारा सामाजिक ढांचे से किए जा रहे खिलवाड़ और इतिहास को फिर से लिखने के विचारों का भी विरोध करते हुए कहा कि इस देश के शहीदों ने किसी विशेष जात बिरादरी के लिए कुर्बानी नहीं की थी, बल्कि उनकी कुर्बानियां देश के लिए थी। उन्होंनें कहा कि कांग्रेस का कुर्बानियां से भरपूर इतिहास रहा है और इस को कोई बदल नहीं सकता है। उन्होंनें मोदी सरकार को नसीहत दी है कि सामाजिक भाइचारे को मजबूत किए बिना देश का सर्वपक्षीय विकास संभव नहीं है।