गिल कमीशन ने झूठे मामलों संबंधी 7वीं अंतरिम रिपोर्ट सौंपी 21 एफ.आई.आर्ज़ रद्द करने की सिफारिश

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By Admin

चंडीगढ़, 16 मई
जस्टिस (सेवा-मुक्त) मेहताब सिंह गिल कमीशन ने पिछली अकाली -भाजपा सरकार के दौरान राजनैतिक तौर पर प्रेरित और झूठे मामलों संबंधी अपनी सातवीं अंतरिम रिपोर्ट मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह को सौंपी।
कमीशन ने दुर्भावनापूर्ण रूप से दर्ज की 21 एफ.आर.आईज़ रद्द करने की सिफ़ारिश की जबकि इस दौर में 179 मामलों की जांच करने के बाद इनमें से 158 झूठे मामले ख़ारिज कर दिए हैं। कमीशन को कुल 4213 शिकायतें हासिल हुई हैं जिनमें से अब 1074 का निपटारा किया जा चुका है जिनमें से 746 को ख़ारिज कर दिया जबकि 328 शिकायतों पर कार्यवाही करने की सिफ़ारिश की गई है।
कमीशन ने अपनी सातवीं रिपोर्ट में 21 मामलों में एफ.आर.आईज़ रद्द करने के अलावा कसूरवार पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के खि़लाफ़ अनुशासनिक कार्यवाही करने की भी सिफ़ारिश की है जिनमें कुछ पुलिस वालों के खि़लाफ़ एन.डी.पी.एस. एक्ट की धारा 58 और आई.पी.सी. की धारायें 193 और 195 के अंतर्गत एफ.आई.आर. दर्ज करने की भी सिफ़ारिश की गई है। कमीशन ने शिकायतकर्ताओं को उपयुक्त वित्तीय मुआवज़ा देने के लिए इसकी वसूली भी सम्बन्धित पुलिस वालों से करने और एफ.आई.आर दर्ज करने और पैरवी करने वाले गवाहों पर आई.पी.सी. की धारा 182 के अंतर्गत कार्यवाही आरंभ करने की सिफ़ारिश की है।
कमीशन की अब तक सिफारशों के अमल में तेज़ी लाने के लिए सरकार की तरफ से जिला मैजिस्ट्रेटों और जिला अटॉर्नियों को पहले ही नोडल अफ़सर नियुक्त किया हुआ है। सूबे का गृह विभाग इस सम्बन्ध में डायरैक्टर प्रोसीक्यूशन और लिटीगेशन के साथ-साथ जिला मैजिस्ट्रेटों, जिला पुलिस प्रमुख और जिला अटॉर्नियों को विस्तार में हिदायतें जारी कर चुका है।
नोडल अफसरों को कमीशन की सिफारशों की तीन हफ़्तों में पालन करने को यकीनी बनाने की हिदायतें की हुई हैं और गृह विभाग की सूचना से कमीशन को सीधे तौर पर रिपोर्ट सौंपने के लिए भी कहा गया है।
प्रवक्ता ने बताया कि अब तक 15 नोडल अफसरों से जिला स्तरीय प्रगति रिपोर्टें हासिल हुई हैं। इन रिपोर्टों के मुताबिक 69 मामलों में आई.पी.सी. की धारा 182 के अंतर्गत कार्यवाही शुरू की जा चुकी है जो अदालत में लम्बित है जबकि 24 मामलों में मुआवज़ा दिया जा चुका है।
जिला स्तरीय मामलों में 13 केस लुधियाना से हैं जबकि तरन तारन से 12, फिऱोज़पुर से 11, पटियाला से 7, गुरदासपुर से 6, फरीदकोट से 5, श्री मुक्तसर साहिब से 5, अमृतसर से 4, कपूरथला से 3, शहीद भगत सिंह नगर से 2 और फतेहगढ़ साहिब से 1 केस शामिल है।